शादियों के सीजन में गैस का संकट छाया हुआ है। वहीं, कैटरर्स और प्रशासन में खींचतान भी देखने को मिल रही है। आम जनता को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन के पास हजारों आवेदन, मांग पूरी करना चुनौती
विवाह समारोहों के लिए गैस सिलिंडर की मांग को लेकर ADM (नागरिक आपूर्ति) और जिला आपूर्ति अधिकारी के कार्यालयों में अब तक 1,000 से अधिक आवेदन पहुंच चुके हैं। हालांकि प्रशासन सभी आवेदनों के अनुरूप गैस उपलब्ध कराने में असमर्थ नजर आ रहा है, जिससे आयोजनकर्ताओं में चिंता का माहौल है।
राजधानी लखनऊ में 15 अप्रैल से शुरू हो रही सहालग (शादियों का सीजन) के साथ ही व्यावसायिक गैस सिलिंडरों की भारी किल्लत सामने आने लगी है। इसके बाद मई महीने में जेठ के बड़े मंगल के आयोजन भी शुरू होने वाले हैं, जिससे गैस की मांग और बढ़ने की उम्मीद है। ऐसे में प्रशासन द्वारा प्रति परिवार अधिकतम 8 सिलिंडर देने की सीमा तय करने से लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं।
कैटरर्स और प्रशासन के बीच बढ़ी खींचतान
गैस वितरण व्यवस्था को लेकर कैटरर्स और प्रशासन के बीच विवाद की स्थिति बनी हुई है। कैटरिंग व्यवसाय से जुड़े लोगों का आरोप है कि प्रशासन कार्ड और निमंत्रण पत्र दिखाने के बावजूद उन्हें सिलिंडर देने से मना कर रहा है। प्रशासन का कहना है कि केवल शादी वाले परिवारों को ही सीधे गैस उपलब्ध कराई जाएगी। इस व्यवस्था से कैटरर्स और मेजबानों दोनों को अलग-अलग प्रयास करने पड़ रहे हैं, जिससे परेशानी और बढ़ गई है।
