तिरुवनंतपुरम, 30 मई (आईएएनएस)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता शॉन जॉर्ज ने सीएमआरएल-एक्सालॉजिक मासिक भुगतान मामले में कथित विदेशी वित्तीय लेनदेन की जांच की मांग करते हुए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) का रुख किया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि एक्सालॉजिक सॉल्यूशंस को प्राप्त धनराशि विदेशी बैंक खातों के माध्यम से स्थानांतरित की गई हो सकती है।
ईडी को लिखे पत्र में शॉन जॉर्ज ने दावा किया कि एक्सालाजिक सॉल्यूशंस को कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (सीएमआरएल) से प्राप्त धनराशि संयुक्त अरब अमीरात स्थित अबू धाबी कमर्शियल बैंक के एक खाते में भेजी गई थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि यह खाता पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की बेटी वीना टी. और सुनीश एम. द्वारा संचालित किया जाता था। जॉर्ज का यह भी दावा है कि एस एन सी-लवलीन तथा प्राइसवाटरहाउसकूपर्स सहित अन्य संस्थाओं से प्राप्त धनराशि भी इसी खाते में जमा की गई और बाद में इसका एक हिस्सा अमेरिका के कुछ खातों में स्थानांतरित किया गया।
भाजपा नेता ने ईडी से आग्रह किया है कि वह अपनी जारी जांच का दायरा बढ़ाकर इन कथित विदेशी बैंक खातों और अंतरराष्ट्रीय लेनदेन की भी जांच करे।
मीडिया से बातचीत में शॉन जॉर्ज ने कहा कि उन्हें यह जानकारी एक विश्वसनीय स्रोत से प्राप्त हुई है और इसकी विस्तृत जांच की जानी चाहिए।
गौरतलब है कि ईडी पहले से ही सीएमआरएल-एक्सालॉजिक लेनदेन मामले की जांच कर रही है, जिसमें वीना टी. का नाम सामने आया है। हालांकि, इस मामले में लगाए गए नए आरोपों पर संबंधित पक्षों की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
रिपोर्ट के अनुसार इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। शॉन जॉर्ज पिछले एक वर्ष से इस मामले को लेकर लगातार सवाल उठाते रहे हैं और उन्होंने कई सार्वजनिक मंचों से पिनराई विजयन और उनके परिवार पर निशाना साधा है।
शॉन जॉर्ज, वरिष्ठ राजनेता पी. सी. जॉर्ज के पुत्र हैं। पी.सी. जॉर्ज और उनके बेटे 2024 में भाजपा में शामिल हुए थे। हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में दोनों ने चुनाव लड़ा था। हालांकि वे अपनी-अपनी सीटों पर तीसरे स्थान पर रहे, लेकिन उनके प्रदर्शन को मुकाबले को कड़ा बनाने वाला माना गया।
इस दौरान सीपीआई(एम) नेतृत्व के खिलाफ उनके आक्रामक अभियान के चलते कानूनी विवाद भी सामने आए। पुलिस ने पी.सी. जॉर्ज के खिलाफ दो मामले दर्ज किए थे, हालांकि उन्हें दोनों मामलों में जमानत मिल गई थी।
–आईएएनएस
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