डायमंड हार्बर, 28 अप्रैल (आईएएनएस)। चुनाव आयोग की ओर से यूपी के आईपीएस अधिकारी अजय पाल शर्मा को दक्षिण 24 परगना जिले का नया पुलिस ऑब्जर्वर नियुक्त किया है। सोशल मीडिया पर टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर को लेकर उनका एक वीडियो वायरल हुआ। इस मामले पर टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत की है।
फाल्टा विधानसभा सीट से टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि कल दोपहर करीब 3 बजे, वह यहां आए और पार्टी ऑफिस में धमकाने की कोशिश की। फिर वह मेरे घर गए और मेरे परिवार को धमकाने की कोशिश की। क्या यही एक पुलिस ऑब्जर्वर का फर्ज है? अगर उन्हें कुछ कहना है, तो उन्हें पुलिस अधिकारियों को बताना चाहिए।
जहांगीर ने कहा कि चुनाव आयोग का ऐसा कोई नियम नहीं है, जो यह कहता हो कि कोई पुलिस ऑब्जर्वर लोगों के घरों में जाकर उन्हें धमका सकता है। भाजपा की मदद करने के लिए ये लोग गैर-कानूनी काम कर रहे हैं। वे टीएमसी कार्यकर्ताओं और नेताओं को धमकाने की कोशिश कर रहे हैं, क्योंकि वे जानते हैं कि वे जीत नहीं पाएंगे, लेकिन हम डरने वाले नहीं हैं।
जहांगीर ने कहा कि चुनाव आयोग को निष्पक्ष तरीके से काम करना चाहिए, लेकिन यहां वह भाजपा के पक्ष में काम कर रहा है। अगर पुलिस ऑब्जर्वर को किसी जानकारी की जरूरत थी, तो वे उसे स्थानीय एसपी से हासिल कर सकते थे। लेकिन ऐसा करने के बजाय, वे सीधे तौर पर दबाव बनाने और धमकियां देने की कोशिश कर रहे हैं। इससे कोई मकसद पूरा नहीं होगा।
बता दें कि आईपीएस अजय पाल शर्मा की तैनाती दूसरे चरण के मतदान से पहले राज्य के संवेदनशील इलाकों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एक अहम पहल के रूप में देखी जा रही है। वीडियो में वे फाल्टा क्षेत्र के तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) उम्मीदवार जहांगीर के घर जाते हुए दिखाई दे रहे हैं और उन्हें फटकार लगाते हुए कानून का पालन करने का निर्देश दे रहे हैं। वीडियो में उन्हें यह कहते हुए सुना जा सकता है कि वे (टीएमसी उम्मीदवार) अपने व्यवहार में सुधार करें, नहीं तो बाद में परिणाम भुगतने होंगे।
–आईएएनएस
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