जून में मानसून की दस्तक और शारदा नदी में संभावित बाढ़ को देखते हुए पलिया-भीरा मुख्य मार्ग पर पुलिया निर्माण के लिए सड़क खोदे जाने से आवागमन बाधित होने लगा है। अतरिया के आगे, शारदा पुल और रेल लाइन कटान वाले क्षेत्र के सामने सड़क पर गहरा गड्ढा खोदकर मार्ग को डायवर्ट कर दिया गया है, जिससे स्थानीय लोगों और वाहन चालकों की परेशानी बढ़ गई है।क्षेत्रवासियों का कहना है कि जिस स्थान पर पुलिया निर्माण कराया जा रहा है, इसी जगह के सामने दो वर्ष से शारदा नदी की बाढ़ का पानी रेल लाइन काटकर गुजरता रहा है।
इसके चलते कई महीनों तक यह महत्वपूर्ण मार्ग बंद रहता है। पिछले वर्ष भी स्थिति इतनी गंभीर हो गई थी कि महंगापुर गुरुद्वारा के संत बाबा के नेतृत्व में ग्रामीणों ने लगातार प्रयास कर करीब दो महीने बाद आवागमन बहाल कराया था।
पीडब्ल्यूडी पर लोगों ने लगाया आरोप
आरोप है कि यदि लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) को यहां पुलिया निर्माण कराना ही था तो इसकी शुरुआत तीन-चार महीने पहले कर दी जानी चाहिए थी। समय रहते काम पूरा हो जाता तो बरसात में आवागमन प्रभावित नहीं होता। अब जबकि 21 जून से बरसाती नक्षत्र शुरू होने वाले हैं, ऐसे में निर्माण कार्य समय पर पूरा होना मुश्किल दिखाई दे रहा है।
निर्माण स्थल पर अभी से करीब एक फीट पानी गड्ढे में रिसकर भर रहा है, जिससे कार्य की गति पर भी सवाल उठ रहे हैं। यही मार्ग पलिया को लखीमपुर, लखनऊ, शाहजहांपुर, बरेली, दिल्ली, मथुरा और हरिद्वार जैसे प्रमुख शहरों से जोड़ता है। यदि बरसात के दौरान यह मार्ग बाधित हुआ तो हजारों लोगों और सैकड़ों वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो सकती है।
