UP: अखिलेश ने सपा में विभाजन संबंधी राजभर के दावे को किया खारिज, कहा- पार्टी पूरी तरह मजबूत 

समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बुधवार को उत्तर प्रदेश के मंत्री और सुभासपा प्रमुख ओम प्रकाश राजभर के उस दावे को खारिज कर दिया जिसमें सपा में जल्द ही विभाजन होने की बात कही गई है। अखिलेश ने कहा कि उनकी पार्टी मजबूत बनी हुई है और आरोप लगाया कि भाजपा का प्रलोभन और दबाव के माध्यम से दलों को तोड़ने का इतिहास रहा है। सपा के भीतर संभावित असंतोष की खबरों पर यहां एक संवाददाता सम्मेलन में एक सवाल का जवाब देते हुए यादव ने कहा कि भाजपा पहले भी कई राजनीतिक दलों को तोड़ने में सफल रही है, जिसमें विधायकों और नेताओं को समाजवादी पार्टी से दूर करना भी शामिल है।

“डरने वाले छोड़ जाते हैं साथ”- अखिलेश यादव

उन्होंने कहा, ”अगर आप उत्तर प्रदेश को देखें, तो कई सपा विधायकों, विधानपरिषद सदस्यों और यहां तक कि राज्यसभा सदस्यों को भी छीन लिया गया। इसके पीछे कोई स्वार्थ, कोई लालच या कोई डर रहा होगा। जो लोग डर जाते हैं, वे अपनी पार्टी छोड़ देते हैं।” यादव की यह टिप्पणी उत्तर प्रदेश के मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी(सुभासपा) के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर के उस दावे के कुछ घंटों बाद आई है जिसमें उन्होंने दावा किया था कि सपा में एक बड़ी विभाजन की संभावना है और पार्टी के कई नेता भाजपा में शामिल होने के लिए तैयार हैं।

“पत्ते खुलने का इंतजार कीजिए, भाजपा में भी मचेगी भगदड़”

उन्होंने कहा, ”अगर भाजपा को चुनौती देनी है तो बहादुर लोगों की एक टीम होनी चाहिए।” पत्रकारों के साथ पहले की बातचीत को याद करते हुए उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने पहले ही घोषणा कर दी थी कि वह भाजपा से दलबदल कराने का प्रयास नहीं करेंगे। उन्होंने कहा, ”मैंने पहले कहा था कि मैं भाजपा को नहीं तोड़ूंगा। लेकिन जहां भाजपा अन्य दलों को तोड़ रही है और उनके सांसदों को अपने पाले में कर रही है, वहीं उत्तर प्रदेश में उनके अपने विधायक हैं जो पाला बदलने की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे कई लोग हैं जो उचित समय पर अपने पत्ते खोलते हैं और उन पर भरोसा नहीं किया जा सकता है।”

Related Articles

Latest News