गर्मी की छुट्टियों में परिवार के साथ घूमने और मां वैष्णो देवी के दर्शन का सपना देखने वाले हजारों यात्रियों के लिए जम्मू और मुंबई समेत कई प्रमुख रूटों पर ट्रेनों में कंफर्म टिकट मिलना मुश्किल हो गया है। हालात ऐसे हैं कि दो महीने पहले टिकट बुक कराने वाले यात्रियों को भी सीट की गारंटी नहीं मिल पा रही है।
जम्मू जाने वाली प्रमुख ट्रेनों में लंबी वेटिंग ने यात्रियों की चिंता बढ़ा दी है। बेगमपुरा एक्सप्रेस, कोआ-जम्मूतवी एक्सप्रेस, हिमगिरी एक्सप्रेस, अर्चना एक्सप्रेस और अमरनाथ एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में 10 अगस्त तक सीटें फुल हैं। कई ट्रेनों में तो वेटिंग टिकट भी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में गर्मी की छुट्टियों में यात्रा की योजना बना चुके परिवारों के सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
मुंबई रूट का भी यही हाल है। पुष्पक एक्सप्रेस, गोरखपुर सुपरफास्ट एक्सप्रेस, उद्योग नगरी एक्सप्रेस, कुशीनगर एक्सप्रेस और अवध एक्सप्रेस सहित अधिकांश ट्रेनों में 30 जून तक टिकट उपलब्ध नहीं हैं। यात्रियों का कहना है कि रेलवे की मांग के अनुरूप अतिरिक्त व्यवस्था नहीं होने से उन्हें भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। सबसे ज्यादा निराश बच्चे और परिवार हैं, जो पूरे साल गर्मी की छुट्टियों का इंतजार करते हैं। लेकिन टिकट न मिलने के कारण उनकी घूमने-फिरने की योजनाएं अधर में लटक गई हैं। निराला नगर निवासी सर्वेश दीक्षित ने बताया कि उन्होंने जम्मू जाने का प्लान बनाया था और होटल और अन्य बुकिंग तक करा रखी हैं, मगर ट्रेन टिकट न मिलने से पूरा कार्यक्रम प्रभावित हो रहा है।
दलालों की सक्रियता बढ़ी
टिकटों की कमी का फायदा दलाल उठा रहे हैं। विकास जायसवाल ने बताया कि उन्हें 26 जून को जम्मू जाना था, टिकट नहीं मिल रहा था। एक दलाल से संपर्क किया उसने थर्ड एसी का टिकट एक हजार रुपये अधिक लेकर दिला दिया। उन्होंने बताया कि दलाल कंफर्म टिकट दिलाने के नाम पर 500 रुपये से लेकर 1000 रुपये तक अतिरिक्त वसूली कर रहे हैं। रेलवे की सख्ती के दावों के बावजूद दलालों की सक्रियता कम होती नजर नहीं आ रही है।
