उत्तर प्रदेश गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष महेश शुक्ला ने शुक्रवार को जमीन हुसैनाबाद गांव स्थित गौशाला का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान गौवंश संरक्षण और रखरखाव से जुड़ी व्यवस्थाओं में गंभीर खामियां सामने आने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई और जिम्मेदार अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि गौशाला में गौवंश को केवल सूखा भूसा ही उपलब्ध कराया जा रहा था, जबकि संतुलित पशु आहार की कोई समुचित व्यवस्था नहीं थी।इस पर उपाध्यक्ष ने तत्काल पशु आहार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही भूसा भंडारण की अव्यवस्थित स्थिति पर भी नाराजगी जताते हुए उसे दुरुस्त करने को कहा, ताकि बरसात में भूसा भीगने से बचाया जा सके। गौशाला में बीमार पशुओं की देखभाल में लापरवाही पाए जाने पर उन्होंने संबंधित कर्मचारियों और पशु चिकित्सक को फटकार लगाई और बेहतर उपचार व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जब गौशाला से जुड़े स्टॉक रजिस्टर और संख्या रजिस्टर मांगे गए तो पंचायत सचिव उन्हें प्रस्तुत नहीं कर सके। इस पर उपाध्यक्ष ने कड़ी नाराजगी जताई और व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने गौवंश की संख्या, चारे की उपलब्धता और रिकॉर्ड संधारण में लापरवाही पर जिम्मेदारों को फटकार लगाई।निरीक्षण के दौरान एक पशु की आंख को कौओं द्वारा नुकसान पहुंचाने की स्थिति पर भी उन्होंने तत्काल इलाज और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए। इसके अलावा गौशाला में पेयजल व्यवस्था, हरे चारे की अनुपलब्धता और समग्र साफ-सफाई की स्थिति को भी असंतोषजनक पाया गया। उपाध्यक्ष ने मौके पर पशुओं के लिए चारे और पानी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
