उत्तर प्रदेश की हॉकी की गौरवपूर्ण विरासत को मेजर ध्यानचंद, कुंवर दिग्विजय (केडी) सिंह ‘बाबू’, मोहम्मद शाहिद, सैयद अली, रविंदर पाल सिंह, जफर इकबाल, शकील अहमद व देवेश चौहान ने ओलंपिक और डॉ. आरपी सिंह के साथ पचास के अधिक नामी खिलाड़ियों ने विश्व कप, एशियाई खेल व कामनवेल्थ गेम्स में आगे बढ़ाया। इसके बाद लगे ब्रेक को हटाया गया है। उत्तर प्रदेश ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वह देश में उभरती हॉकी प्रतिभाओं का मजबूत केंद्र बन चुका है।
देश में 50 से 80 के दशक तक हॉकी में अपना दबदबा कायम रखने वाले उत्तर प्रदेश ने एक बार फिर अंगड़ाई ली है। अब तो उत्तर प्रदेश से ओलंपियन भी निकल रहे हैं और यहां के हॉकी खिलाड़ियों को अर्जुन पुरस्कार भी मिलने लगे हैं। उत्तर प्रदेश हॉकी के अध्यक्ष खेल निदेशक डॉ. आरपी सिंह के कुशल नेतृत्व में गौरवशाली प्रदेश मेजर ध्यानचंद व केडी सिंह ‘बाबू’ की विरासत को आगे बढ़ा रहा है।
जमीनी स्तर पर जो काम हुआ है, वह दिख रहा
उत्तर प्रदेश की सब जूनियर हॉकी टीम तो लगातार शानदार प्रदर्शन कर रही है और इसी टीम से निकले खिलाड़ी जूनियर और सीनियर टीम में जगह बना रहे है। हाल में सब जूनियर टीम ने बिहार के राजगीर में आयोजित 16वीं हॉकी इंडिया सब जूनियर राष्ट्रीय चैंपियनशिप 2026 में स्वर्ण पदक जीता। इससे तो तय हो गया कि उत्तर प्रदेश में हॉकी एक बार फिर जमीनी स्तर पर मजबूत हो गई है। बीते 16 वर्षों में हॉकी को लेकर उत्तर प्रदेश में जमीनी स्तर पर जो काम हुआ है, वह दिख रहा है।
सब जूनियर बालक वर्ग में टीम ने 2018 से अब तक आठ पदक जीते हैं। इनमें चार स्वर्ण दो रजत और दो कांस्य पदक हैं। सब जूनियर बालिका टीम 2017, 2021 व 2022 में तीसरे स्थान पर थी। इसके बाद जूनियर बालक टीम ने भी 2019 से चार पदक (दो स्वर्ण व दो रजत) और जूनियर बालिका टीम ने 2025 में कांस्य पदक जीता। सीनियर पुरुष टीम ने राष्ट्रीय चैंपियनशिप 2014 में कांस्य, 2015 व 2021 में रजत और 2024 और 2025 में लगातार कांस्य पदक जीता है।
उत्तर प्रदेश में उत्तर प्रदेश में चार स्पोर्ट्स हॉस्टल लखनऊ, रामपुर, वाराणसी और झांसी के साथ तीन स्पोर्ट्स कालेज में एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम हैं। उत्तर प्रदेश सरकार के स्टेडियम में लखनऊ, रामपुर, झांसी, वाराणसी, अयोध्या, गोरखपुर, मऊ, सैफई, कानपुर व आगरा के साथ ही भारतीय खेल प्राधिकरण और निजी क्षेत्र के एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम के कारण खिलाड़ियों को अभ्यास के पर्याप्त अवसर मिले हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर धमाल
सुविधा बढ़ने से उत्तर प्रदेश के खिलाड़ियों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर धमाल मचाया। अर्जुन पुरस्कार विजेता ललित उपाध्याय (2020 और 2024 ओलंपिक में कांस्य), राज कुमार पाल (2024 ओलंपिक), उत्तम सिंह और मुमताज खान लगातार टीम में बने रहे। इसी दौरान अमीर अली, शारदा नंद तिवारी, सौरभ आनंद और अजीत यादव ने तमिलनाडु में वर्ष 2025 में आयोजित एफआईएच हॉकी पुरुष जूनियर विश्व कप में भारत को तीसरा स्थान में दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
