हैदराबाद, 23 मार्च (आईएएनएस)। पश्चिम एशिया युद्ध पर प्रधानमंत्री मोदी के भाषण पर कांग्रेस के पूर्व सांसद मधु गौड़ याशकी ने प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस के पूर्व सांसद और राहुल गांधी की करीबी मधु गौड़ याशकी ने कहा कि पश्चिम एशियाई देशों में चल रहे युद्ध में प्रधानमंत्री मोदी भारतीय हितों की रक्षा करने में पूरी तरह विफल रहे हैं। विपक्ष के नेता ने भारत और विदेशों में रहने वाले भारतीयों पर युद्ध के संभावित प्रभाव को लेकर लगातार चिंता जताई है। यहां तक कि प्रधानमंत्री मोदी और उनकी सरकार ने ईरानी राष्ट्रपति की मृत्यु की निंदा तक नहीं की है। प्रधानमंत्री मोदी यहां किस तरह की कूटनीति का प्रदर्शन कर रहे हैं?
उन्होंने कहा कि जब देश युद्ध की चपेट में था और हम विपक्ष में थे, तब कांग्रेस नेता सोनिया गांधी तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के साथ खड़ी रहीं। राष्ट्रीय हित की बात हो, तो हम सब एकजुट हैं। यहां तक कि 26/11 हमलों के समय भी नरेंद्र मोदी राजनीति खेल रहे थे। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि प्रधानमंत्री ने सर्वदलीय बैठक नहीं बुलाई है। यह भाजपा पार्टी का मुद्दा नहीं है, न ही किसी एक पार्टी का। यह 140 करोड़ भारतीयों के हितों से जुड़ा मुद्दा है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री के लिए सबसे अच्छा यही होगा कि वे तुरंत सर्वदलीय बैठक बुलाएं और संसद के अंदर और बाहर दोनों जगह की स्थिति पर चर्चा करें। केवल अपने मंत्रिमंडल के सहयोगियों को बुलाना पर्याप्त नहीं है। अतीत में भी ऐसी ही स्थितियों में तत्कालीन प्रधानमंत्रियों ने सर्वदलीय बैठकें बुलाईं और विपक्ष से भी सलाह ली।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के लिए एक मजबूत विपक्ष आवश्यक है, और प्रधानमंत्री मोदी जनता को साथ लेकर चलने में विफल रहे हैं, न ही उन्होंने प्रमुख विपक्षी दल से संपर्क साधा है। भारत और भारतीयों के हितों की रक्षा के मामले में उन्होंने कभी भी देश को एकजुट नहीं किया है।
–आईएएनएस
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