नई दिल्ली, 17 फरवरी (आईएएनएस)। राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन (एनसीएच) ने बीते नौ महीनों में उपभोक्ताओं की 79 हजार से अधिक शिकायतों का निवारण करके 52 करोड़ रुपए से अधिक की धनवापसी (रिफंड) सुनिश्चित की है। यह जानकारी मंगलवार को उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय की ओर से दी गई।
उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने बयान में कहा कि एनसीएच ने पिछले नौ महीनों (25 अप्रैल से 31 जनवरी 2026 तक) की अवधि के दौरान धनवापसी दावों से संबंधित 79,521 उपभोक्ता शिकायतों का समाधान करके 31 क्षेत्रों में 52 करोड़ रुपए की धनवापसी की सुविधा प्रदान की है। यह धनवापसी मुकदमेबाजी से पहले के चरण में ही सुनिश्चित की गई, जिससे उपभोक्ताओं को उपभोक्ता आयोगों से संपर्क किए बिना समय पर राहत प्राप्त करने में मदद मिली।
मंत्रालय ने बताया कि विभाग की यह प्रमुख पहल उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के अंतर्गत प्रभावी, सुलभ और समयबद्ध शिकायत निवारण प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन एक अभिसरण मॉडल के माध्यम से संचालित होता है जहां शिकायतों को कंपनियों को डिजिटल रूप से निर्धारित समयसीमा के अंदर समाधान के लिए भेजा जाता है, साथ ही निरंतर निगरानी और उपभोक्ता प्रतिक्रिया ट्रैकिंग भी की जाती है।
मंत्रालय ने बताया कि धनवापसी के सबसे अधिक मामले ई-कॉमर्स क्षेत्र से थे, जिनकी संख्या 47,743 थी, जिसके परिणामस्वरूप 36 करोड़ रुपए से अधिक की राशि वापस की गई। इसके बाद यात्रा एवं पर्यटन क्षेत्र का स्थान रहा, जहां हेल्पलाइन के माध्यम से 4 करोड़ रुपए से अधिक की राशि वापस की गई।
देश भर के महानगरों के साथ-साथ दूरदराज के क्षेत्रों से भी ई-कॉमर्स क्षेत्र में धनवापसी संबंधी शिकायतें दर्ज की गईं जो अखिल भारतीय उपभोक्ता शिकायत मंच के रूप में राष्ट्रीय उपभोक्ता हेल्पलाइन की व्यापक पहुंच और सुलभता को रेखांकित करती हैं।
मंत्रालय के मुताबिक, 25 अप्रैल से 31 जनवरी 2026 की अवधि के दौरान 52 करोड़ रुपए की राशि की वापसी की सुविधा हेल्पलाइन की त्वरित प्रतिक्रिया और प्रभावशीलता को प्रदर्शित करती है और मुकदमेबाजी से पहले के चरण में उपभोक्ता संरक्षण के लिए एक विश्वसनीय साधन के रूप में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका को मजबूत करती है।
देश भर के उपभोक्ताओं के लिए 17 भाषाओं में शिकायतें दर्ज करने के लिए एक एकल-बिंदु पहुंच प्लेटफार्म के रूप में कार्य करती है। इसमें टोल-फ्री नंबर 1915, इंग्राम पोर्टल, व्हाट्सएप / एसएमएस: 8800001915, एनसीएच मोबाइल ऐप, ईमेल, वेब प्लेटफॉर्म और उमंग ऐप शामिल हैं।
–आईएएनएस
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