लगातार चार दिन की गिरावट के बाद बाजार में हरियाली; सेंसेक्स 260 अंक चढ़ा, निफ्टी 24,550 के पार


मुंबई, 5 मार्च (आईएएनएस)। वैश्विक शेयर बाजारों में तेजी के चलते लगातार चार दिन की गिरावट का सिलसिला तोड़ते हुए भारतीय शेयर बाजार ने गुरुवार को तेजी के साथ हरे निशान में खुला। इस दौरान घरेलू बाजार के प्रमुख बेंचमार्कों में अच्छी तेजी देखी गई। 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स अपने पिछले बंद (79,116.19) से 414.29 अंकों की बढ़त के साथ 79,530.48 पर खुला, तो वहीं एनएसई निफ्टी ने भी अपने पिछले बंद (24,480.50) से 135.45 अंकों की तेजी के साथ 24,615.95 पर खुला।

खबर लिखे जाने तक (सुबह 9.33 बजे के करीब) सेंसेक्स 266.22 अंकों यानी 0.34 प्रतिशत की बढ़त के साथ 79,382.41 पर ट्रेड कर रहा था, तो वहीं निफ्टी में 98.80 (0.40 प्रतिशत) अंकों की बढ़त दर्ज की गई और वह 24,579.30 पर कारोबार करता नजर आया।

व्यापक बाजारों ने बेंचमार्क सूचकांकों से बेहतर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप और निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स क्रमशः 0.82 प्रतिशत और 0.83 प्रतिशत की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे।

वहीं सेक्टरवार बात करें तो, निफ्टी रियल्टी शीर्ष लाभ कमाने वाला इंडेक्स बनकर उभरा, उसके बाद निफ्टी ऑयल एंड गैस और निफ्टी ऑटो इंडेक्स का स्थान रहा।

सेंसेक्स पैक में सन फार्मा, अदाणी पोर्ट्स, एलएंडटी, बीईएल, एनटीपीसी और टाटा स्टील टॉप गेनर्स वाले शेयरों में शामिल रहे, जबकि एचसीएल टेक, टीसीएस, एचयूएल, टेक महिंद्रा और एशियन पेंट्स सबसे ज्यादा नुकसान झेलने वाले शेयर रहे।

गुरुवार को शुरुआती कारोबार में एशिया-प्रशांत क्षेत्र के अधिकांश बाजारों में तेजी देखी गई, क्योंकि वॉल स्ट्रीट सूचकांकों में रात भर की रिकवरी के बाद बाजार का सेंटिमेंट बेहतर हुआ। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 12 प्रतिशत से अधिक उछला और पिछले सत्र की गिरावट की भरपाई की। वहीं, जापान का निक्केई 225 4 प्रतिशत से अधिक बढ़ा।

बता दें कि अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी युद्ध के कारण वैश्विक शेयर बाजारों में बिकवाली और तेल की कीमतों में वृद्धि के चलते बुधवार को भारतीय शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ खुला और शुरुआती कारोबार में ही दोनों प्रमुख बेंचमार्क 2 प्रतिशत से ज्यादा गिर गए थे।

चॉइस ब्रोकिंग के रिसर्च एनालिस्ट हितेश टेलर ने बताया कि तकनीकी नजरिए से देखें तो 24,300-24,350 का दायरा निफ्टी के लिए अहम सपोर्ट माना जा रहा है। वहीं 24,600-24,650 का स्तर तत्काल रेजिस्टेंस के रूप में सामने आ सकता है। रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (आरएसआई) 30.37 पर है, जो 50 से नीचे है और बाजार में कमजोरी का संकेत देता है।

साथ ही एक्सपर्ट ने बताया कि पिछले कारोबारी सत्र में विदेशी निवेशकों (एफआईआई) ने लगातार चौथे सत्र में बिकवाली करते हुए करीब 8,752 करोड़ रुपए के शेयर बेच दिए। दूसरी ओर घरेलू निवेशकों (डीआईआई) ने लगातार छठे दिन खरीदारी जारी रखते हुए 12,000 करोड़ रुपए से ज्यादा के शेयर खरीदे। इससे बाजार में विदेशी निवेशकों की बिकवाली का असर कुछ हद तक संतुलित हुआ।

मार्केट एक्सपर्ट ने आगे कहा कि वैश्विक अनिश्चितता और बाजार में बढ़ती अस्थिरता को देखते हुए निवेशकों को फिलहाल सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। गिरावट के दौरान मजबूत फंडामेंटल वाले शेयरों पर ही ध्यान देना चाहिए। निफ्टी में नई खरीदारी की रणनीति तभी बनानी चाहिए जब इंडेक्स 25,000 के ऊपर मजबूत और लगातार ब्रेकआउट दे। इससे बाजार में मजबूती का स्पष्ट संकेत मिलेगा और एक बुलिश स्ट्रक्चर बनने की पुष्टि हो सकती है।

–आईएएनएस

डीबीपी/


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