नई दिल्ली, 1 मार्च (आईएएनएस)। महिलाओं के लिए शुरू किए एचपीवी टीकाकरण अभियान को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन के अध्यक्ष ने पीएम मोदी की सराहना की है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन के वर्तमान महानिदेशक डॉ. टेड्रोस अधानोम घेब्रेयेसस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा देशव्यापी एचपीवी टीकाकरण अभियान शुरू किए जाने की सराहना की है।
डॉ. टेड्रोस अधानोम घेब्रेयेसस ने एक्स पर लिखा कि मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और स्वास्थ्य मंत्रालय की सराहना करता हूं जिन्होंने लड़कियों को गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर से बचाने के लिए देशव्यापी एचपीवी टीकाकरण अभियान शुरू किया है।
उन्होंने आगे लिखा कि गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर उन्मूलन अभियान के माध्यम से सभी देशों के साथ मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि लड़कियां और महिलाएं इस रोकथाम योग्य बीमारी से मुक्त जीवन जी सकें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को राजस्थान के अजमेर से 14 वर्ष की लड़कियों के लिए देशव्यापी ह्यूमन पैपिलोमावायरस (एचपीवी) टीकाकरण कार्यक्रम शुरू किया।
एचपीवी टीकाकरण अभियान को गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर को खत्म करने के लिए एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन के रूप में स्थापित किया गया है, गर्भाशय ग्रीवा का कैंसर भारत में महिलाओं में कैंसर से होने वाली मौतों के प्रमुख कारणों में से एक है।
यह अभियान हर साल सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 14 वर्ष की लगभग 1.15 करोड़ लड़कियों को ध्यान में रखकर शुरू किया गया है। वैक्सीन निर्धारित सरकारी स्वास्थ्य केंद्र पर मुफ्त में दी जाएगी। टीके आयुष्मान आरोग्य मंदिर (प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, उप-जिला और जिला अस्पताल के साथ-साथ सरकारी मेडिकल कॉलेज और हॉस्पिटल में लगाए जाएंगे।
प्रत्येक सत्र का पर्यवेक्षण प्रशिक्षित चिकित्सा अधिकारी करेंगे, जिन्हें कुशल स्वास्थ्य देखभाल टीमें सपोर्ट करेंगी। सभी स्थलों पर फंक्शनल कोल्ड चेन पॉइंट (सीसीपी) होंगे। वे सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से जुड़े होंगे ताकि तुरंत मेडिकल सपोर्ट और किसी भी रेयर एडवर्स इवेंट्स फॉलोइंग इम्यूनाइजेशन (एईएफआई) का प्रबंधन सुनिश्चित करेंगे।
टीका लगवाने से पहले माता-पिता/अभिभावक से सूचित सहमति ली जाएगी।
यह विशेष अभियान तीन महीने की अवधि में मिशन मोड में चलेगा। इस दौरान पात्र लड़कियां निर्धारित जगहों पर रोजाना वैक्सीन लगवा सकती हैं। इसके बाद, वैक्सीन नियमित टीकाकरण के दिनों में भी मिलती रहेगी।
–आईएएनएस
एएमटी/डीकेपी
