नई दिल्ली, 19 फरवरी (आईएएनएस)। तेलंगाना को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित नवाचार के उभरते केंद्र के रूप में गुरुवार को दिल्ली में आयोजित ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट–2026’ के दौरान रेखांकित किया गया। यूएस–इंडिया बिजनेस काउंसिल (यूएसआईबीसी) राउंड टेबल में उद्योग एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री डी. श्रीधर बाबू ने राज्य की उपलब्धियों और संभावनाओं को प्रस्तुत किया।
मंत्री ने कहा कि विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे और मजबूत टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम के साथ तेलंगाना अमेरिकी निवेशकों के लिए स्केलेबल और भविष्य-उन्मुख प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराता है। उन्होंने बताया कि दूरदर्शी और स्थिर नीतियों ने एआई अनुसंधान और उसके प्रभावी उपयोग के लिए मजबूत आधार तैयार किया है।
उन्होंने कहा कि अग्रणी अमेरिकी टेक कंपनियों के साथ पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप को आगे बढ़ाया जा रहा है। साथ ही, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के माध्यम से सार्वजनिक सेवाओं की रियल-टाइम मॉनिटरिंग कर सुशासन को मजबूत किया जा रहा है।
मंत्री के अनुसार, राज्य सरकार स्वास्थ्य, कृषि, शिक्षा और शहरी विकास जैसे क्षेत्रों में एआई नवाचार केंद्र स्थापित कर तेलंगाना को इस क्षेत्र में अग्रणी बना रही है। आगामी बजट में एआई यूनिवर्सिटी, एआई हब और कुशल कार्यबल के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।
श्रीधर बाबू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “नई दिल्ली में हमारा संदेश स्पष्ट था कि एआई सुरक्षा नवाचार में बाधा नहीं, बल्कि उसकी नींव है। बिना सुरक्षा के विकास जनविश्वास को कमजोर कर सकता है और जिम्मेदार मानक ही तय करेंगे कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता कितनी दूर तक आगे बढ़ सकती है।”
उन्होंने आगे कहा कि तेलंगाना एआईकेएएम, टीजीडेक्स, एआई सिटी और भारत फ्यूचर सिटी जैसी पहलों के माध्यम से टिकाऊ, सहभागी और नागरिक-केंद्रित शासन के साथ नवाचार को आगे बढ़ा रहा है।
समिट के दौरान मंत्री ने इंडोनेशिया के संचार और डिजिटल मामलों के उप मंत्री नेज़ार पैट्रिया के साथ भी सार्थक चर्चा की। बैठक में हैदराबाद–जकार्ता टेक्नोलॉजी स्किल्स डेवलपमेंट कॉरिडोर स्थापित करने के प्रस्ताव पर विचार हुआ, जिसका उद्देश्य तकनीकी प्रतिभा के आदान-प्रदान को बढ़ावा देना, कौशल विकास ढांचे को मजबूत करना और तेलंगाना तथा इंडोनेशिया के स्टार्टअप व नवाचार इकोसिस्टम के बीच सहयोग को गहरा करना है।
मंत्री ने दोहराया कि तेलंगाना नवाचार-आधारित विकास और वैश्विक सहयोग के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
–आईएएनएस
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