नई दिल्ली, (केसरिया न्यूज़)। भारतीय रेलवे देशभर में 19 रेल नीर संयंत्र (प्लांट) संचालित कर रहा है, जो यात्रियों को सुरक्षित पैकेज्ड पेयजल उपलब्ध करा रहे हैं। प्रत्येक प्लांट प्रतिदिन 1 लाख बोतल पानी बनाने की क्षमता रखता है। यह जानकारी बुधवार को संसद में दी गई।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में बताया कि महत्वपूर्ण ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों पर पैकेज्ड ड्रिंकिंग वाटर ‘रेल नीर’ की मांग वर्तमान में संचालित रेल नीर प्लांटों के जरिए पूरी की जा रही है।
उन्होंने बताया कि सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल के तहत इसी क्षमता का एक नया रेल नीर प्लांट स्थापित करने की अनुमानित लागत करीब 10 करोड़ रुपए है। इसमें जमीन की लागत शामिल नहीं है।
भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) को रेलवे नेटवर्क में मांग और आवश्यकता के अनुसार चिन्हित स्थानों पर रेल नीर प्लांट स्थापित करने की जिम्मेदारी दी गई है।
एक अन्य सवाल के जवाब में अश्विनी वैष्णव ने कहा कि भारतीय रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में आग जैसी संभावित दुर्घटनाओं से निपटने के लिए लगातार तैयारी, रोकथाम, त्वरित प्रतिक्रिया और राहत कार्यों पर काम कर रहा है। रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा के लिए पोर्टेबल अग्निशामक यंत्र, फायर बकेट और रिले तथा इंटरलॉकिंग कक्षों में स्वचालित फायर अलार्म की व्यवस्था की गई है।
रेलवे अपने अग्रिम पंक्ति के कर्मचारियों को आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए नियमित प्रशिक्षण भी देता है।
स्टेशन प्रबंधक, ट्रेन मैनेजर (गार्ड), कमर्शियल-कम-टिकट क्लर्क, लोको पायलट और सहायक लोको पायलट जैसे कर्मचारियों के प्रशिक्षण में अग्निशमन, प्राथमिक उपचार और आपदा प्रबंधन को शामिल किया गया है।
रेल मंत्री ने बताया कि रेलवे स्टेशनों पर कंट्रोल फोन उपलब्ध हैं, जिनकी सहायता से आग लगने की स्थिति में ओवरहेड इलेक्ट्रिक उपकरणों (ओएचई) की बिजली आपूर्ति तुरंत बंद की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि रेलवे स्टेशनों पर लगे पब्लिक एड्रेस सिस्टम का उपयोग आग जैसी आपात स्थितियों में यात्रियों को सुरक्षित निकासी के लिए निर्देश देने में किया जा सकता है। इसके अलावा, बिजली के शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका को रोकने के लिए स्टेशनों की विद्युत प्रणालियों का नियमित रखरखाव किया जाता है।
अश्विनी वैष्णव ने बताया कि भारतीय रेलवे के पास पूरे रेल नेटवर्क में तैनात 177 एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन, 100 उच्च क्षमता वाली 140 टन ब्रेकडाउन डीजल-हाइड्रोलिक क्रेन और 170 एक्सीडेंट रिलीफ मेडिकल इक्विपमेंट स्केल-1 उपलब्ध हैं, जो दुर्घटनाओं और आपात स्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों में मदद करते हैं।
–केसरिया न्यूज़
