कॉमनवेल्थ गेम्स में लगाई 'गोल्डन हैट्रिक', वतन लौटने पर ज्योतिरादित्य सिंधिया से मिलीं मीराबाई चानू

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नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ गेम्स में लगातार तीसरा गोल्ड मेडल जीतकर भारत लौटीं वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने नई दिल्ली में केंद्रीय संचार और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से मुलाकात की। इस दौरान मंत्री ने चानू की उल्लेखनीय उपलब्धि पर बधाई देते हुए उनके अटूट दृढ़ संकल्प, अनुशासन और लगन की प्रशंसा की। उन्होंने उनकी सफलता को देश भर के लाखों युवा एथलीट्स, विशेष रूप से पूर्वोत्तर क्षेत्र के एथलीट्स के लिए प्रेरणा बताया।

मुलाकात के दौरान, मीराबाई चानू ने अपने प्रेरणादायक सफर और भारत की सबसे प्रतिष्ठित खिलाड़ियों में से एक बनने के रास्ते में आने वाली चुनौतियों के बारे में बात की। मंत्री ने उनसे खेल के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की, जिनमें प्रशिक्षण दिनचर्या, पोषण, और सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन प्राप्त करने के लिए पर्याप्त आराम और नींद का महत्व शामिल है।

सिंधिया ने मीराबाई चानू के कोच, ट्रेनर और फिजियोथेरेपिस्ट के अहम योगदान की भी सराहना करते हुए कहा कि वर्ल्ड-क्लास खेल सफलता एक मजबूत सपोर्ट सिस्टम पर टिकी होती है, जिसे वैज्ञानिक ट्रेनिंग और एक्सपर्ट गाइडेंस का सहारा मिलता है।

खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए उत्तर-पूर्वी क्षेत्र विकास मंत्रालय की दूरदर्शिता पर जोर देते हुए, उन्होंने ‘हाई लेवल टास्क फोर्स’ (एचएलटीएफ) बनाकर इस क्षेत्र में एक व्यापक खेल इकोसिस्टम विकसित करने पर चर्चा की।

केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय के खेल प्रतिभाओं को पोषित करने के दृष्टिकोण पर प्रकाश डालते हुए उच्च स्तरीय कार्य बल (एचएलटीएफ) की स्थापना के जरिए क्षेत्र में एक व्यापक खेल परितंत्र के विकास पर चर्चा की। इस कार्य बल के माध्यम से पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय ‘एक राज्य, एक खेल’ पहल पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, जिसके तहत प्रत्येक पूर्वोत्तर राज्य को उन खेलों में उत्कृष्टता विकसित करने के लिए सहायता प्रदान की जा रही है जिनमें उसे स्वाभाविक प्रतिस्पर्धात्मक लाभ प्राप्त है। इसमें भारोत्तोलन, तीरंदाजी और फुटबॉल जैसे खेल शामिल हैं।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि यह पहल सिर्फ भौतिक ढांचा तैयार करने तक सीमित नहीं है, बल्कि गुणवत्तापूर्ण कोचिंग, वैज्ञानिक प्रशिक्षण, खेल विज्ञान, पोषण और खिलाड़ी सहायता पर केंद्रित विश्व स्तरीय खेल परितंत्र के निर्माण से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि महत्वाकांक्षी खिलाड़ियों को क्षेत्र के भीतर ही उच्च गुणवत्ता वाली ट्रेनिंग और सुविधाएं उपलब्ध कराने से कई और युवा खिलाड़ियों को उत्कृष्टता प्राप्त करने की प्रेरणा मिलेगी और पूर्वोत्तर क्षेत्र मीराबाई चानू जैसी कई और चैंपियन पैदा कर सकेगा। चानू के ट्रेनर विजय शर्मा ने पूर्वोत्तर क्षेत्र के खिलाड़ियों की क्षमता को उजागर करते हुए कहा कि ये पहल जमीनी स्तर के खिलाड़ियों को भी पोषित-पल्लवित करने में सहायक होंगी।

पूर्वोत्तर क्षेत्र के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप, इस बैठक में सरकार ने पूर्वोत्तर क्षेत्र की खेल-कूद की अपार संभावनाओं को उजागर करने के साथ-साथ टैलेंट, बेहतरीन कोचिंग और एथलीट्स के विकास में निवेश करके खेल इकोसिस्टम को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया।

–आईएएनएस

आरएसजी

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