राजधानी के नाका हिंडोला क्षेत्र में बिजली विभाग के नाम पर उपभोक्ताओं को ठगने और अवैध वसूली करने वाले एक शातिर गिरोह का शनिवार को भंडाफोड़ हुआ। स्थानीय लोगों ने मीटर जांच के बहाने घरों और दुकानों में घुसकर कमियां निकालने और कार्रवाई का डर दिखाकर रुपये वसूलने वाले जालसाजों को रंगे हाथ दबोच लिया।
यह पूरा मामला नाका थाना क्षेत्र के याराना रिपेयरिंग सेंटर के संचालक जावेद खान की सतर्कता से सामने आया। पीड़ित जावेद खान ने आरोप लगाया कि शाहबाज, अफ्ताफ और उनका एक अन्य साथी लंबे समय से फर्जी नेटवर्क बनाकर क्षेत्र में सक्रिय थे। ये लोग खुद को बिजली विभाग की विजिलेंस और रेड टीम का सदस्य बताकर डराते-धमकाते थे। जनता द्वारा पकड़े जाने की सूचना मिलते ही मध्य ज़ोन की असली रेड टीम और विजिलेंस विभाग के अधिकारी (सहायक अभियंता विनय कुमार, धीरेन्द्र कुमार सिंह, अवर अभियंता माहिर सिद्दीकी, शिवम श्रीवास्तव व खुर्शीद अनवर) मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने आरोपियों से पूछताछ के बाद उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया। बिजली विभाग ने जनता से अपील की है कि बिना पहचान पत्र देखे किसी को कोई राशि न दें।
बारिश और फॉल्ट से लखनऊ के दर्जनों इलाके रहे बेनूर
दूसरी ओर, शनिवार दोपहर हुई बारिश और विभिन्न तकनीकी फॉल्ट के कारण लखनऊ के बड़े हिस्से में बिजली आपूर्ति चरमरा गई। ऐशबाग गेट फीडर के छोटा रामलीला क्षेत्र में नई एबीसी लाइन खींचने और सत्तर टेंपो के पास पोल पर काम होने के कारण सुबह करीब एक घंटे तक सप्लाई बंद रही। पीली कॉलोनी और स्माइली मस्जिद के पास खंभों में आग लगने से संबंधित फीडरों को ट्रिप करना पड़ा।
