आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने राष्ट्रीय पात्रता सह परीक्षा (नीट) और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक के मुद्दे पर केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि ”पेपर लीक के धंधे” में हजारों करोड़ रुपये का ”भ्रष्टाचार” हो रहा है।
संजय सिंह ने योगी सरकार पर लगाया बड़ा आरोप
बुधवार को यहां पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि देश में नौजवान छात्र आत्महत्या करने को मजबूर हैं, लेकिन पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दे पर चर्चा करना मानो गुनाह बना दिया गया है।
छात्रों से मिलने से रोकने पर भड़के संजय सिंह
उन्होंने हाल में प्रयागराज में पेपर लीक के मुद्दे पर विद्यार्थियों से संवाद करने से पुलिस और प्रशासन द्वारा रोके जाने की घटना को ”तानाशाहीपूर्ण” करार दिया। सिंह ने कहा कि वह इस मामले में संबंधित अधिकारियों को विशेषाधिकार हनन का नोटिस देंगे। सिंह ने आरोप लगाया कि उनके कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे दो युवकों आशुतोष पांडेय और पंकज पांडेय को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
तानाशाहीपूर्ण का जनता देगी जवाब’
उन्होंने दावा किया कि इन दोनों युवकों की तीन जून को टीजीटी परीक्षा थी, जिसका वे पिछले पांच वर्षों से इंतजार कर रहे थे। उन्होंने कहा कि युवाओं से संवाद के ऐसे कार्यक्रम आगे भी जारी रहेंगे। सिंह ने बताया कि उन्होंने लखीमपुर खीरी में नीट परीक्षा के बाद आत्महत्या करने वाले छात्र ऋतिक मिश्रा के परिजनों से मुलाकात की थी।
