इराक में नई सरकार का गठन: अहम पदों पर सहमति न बनने से अधूरी रही अल-जैदी की कैबिनेट


बगदाद, 15 मई (आईएएनएस)। इराक में नए प्रधानमंत्री अली अल-जैदी ने अपने अधूरे मंत्रिमंडल के साथ पद और गोपनीयता की शपथ ली। देश के लॉमेकर्स अभी गृह और रक्षा मंत्रालय जैसे कई महत्वपूर्ण पदों पर सहमति नहीं बना सके हैं, इसलिए इन मंत्रालयों पर फैसला फिलहाल टाल दिया गया है।

समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, संसद ने अली अल-जैदी की कैबिनेट के 14 सदस्यों को मंजूरी दे दी, जबकि बाकी मंत्रालयों पर वोटिंग राजनीतिक बातचीत जारी रहने के कारण बाद में करने का फैसला लिया गया।

संसदीय बयान के मुताबिक, स्पीकर हैबत अल-हलबूसी की अध्यक्षता में हुए एक सत्र के दौरान, 266 सांसदों ने 14 मंत्रियों के पक्ष में वोट दिया। जिन लोगों को मंज़ूरी मिली, उनमें फुआद हुसैन शामिल है। हुसैन ने विदेश मंत्री के तौर पर अपना पद बरकरार रखा। इसके अलावा, मोहम्मद खुदेर तेल मंत्री बने और फलेह अल-सारी को वित्त मंत्री बनाया गया।

इराक के संविधान के मुताबिक, किसी भी प्रधानमंत्री को आधिकारिक रूप से पद संभालने से पहले संसद से अपने मंत्रिमंडल और सरकारी कार्यक्रम की मंजूरी लेनी होती है।

27 अप्रैल को इराक के राष्ट्रपति निज़ार अमेदी ने अल-जैदी को प्रधानमंत्री पद के लिए नामित किया था। अली अल-जैदी को “कोऑर्डिनेशन फ्रेमवर्क” का समर्थन प्राप्त है, जो संसद का सबसे बड़ा गठबंधन माना जाता है और इसमें शिया दल शामिल हैं।

संविधान के मुताबिक, प्रधानमंत्री-पद के लिए नामित व्यक्ति को कैबिनेट और सरकारी कार्यक्रम संसद के सामने पेश करने के लिए 30 दिन का समय मिलता है, ताकि उस पर विश्वास मत हासिल किया जा सके।

इराक में 2003 के बाद से सत्ता साझा करने की व्यवस्था लागू है। इसके तहत राष्ट्रपति का पद कुर्द समुदाय को, स्पीकर सुन्नी मुस्लिम को और प्रधानमंत्री का पद शिया मुस्लिम को दिया जाता है।

इस महीने की शुरुआत में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अली अल-जैदी को इराक का अगला प्रधानमंत्री चुने जाने पर बधाई दी थी। उन्होंने इसे बगदाद में नई सरकार बनने की दिशा में अहम कदम बताया और दोनों देशों के रिश्ते मजबूत होने की उम्मीद जताई।

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा था, “इराक के अगले प्रधानमंत्री के रूप में नामित होने पर अली अल-जैदी को बधाई।” उन्होंने कहा कि अमेरिका उम्मीद करता है कि नई सरकार सुरक्षा और प्रशासन से जुड़ी चुनौतियों का समाधान कर पाएगी।

ट्रंप ने कहा, “हम उम्मीद करते हैं कि वह ऐसी नई सरकार बनाएंगे जो आतंकवाद से मुक्त हो और इराक के लोगों को बेहतर भविष्य दे सके।” उन्होंने यह भी कहा कि अली अल-जैदी के नेतृत्व में अमेरिका और इराक के संबंध और मजबूत हो सकते हैं।

ट्रंप के मुताबिक, “हम इराक और अमेरिका के बीच मजबूत, सक्रिय और बेहद सकारात्मक रिश्तों की उम्मीद कर रहे हैं।” उन्होंने इस घटनाक्रम को दोनों देशों के रिश्तों में एक नए दौर की शुरुआत बताया। ट्रंप ने कहा, “यह हमारे देशों के बीच एक शानदार नए अध्याय की शुरुआत हो सकती है, जिसमें समृद्धि, स्थिरता और सफलता देखने को मिलेगी।”

–आईएएनएस

एएस/


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