काबुल, 25 फरवरी (आईएएनएस)। अफगानिस्तान-ताजिकिस्तान के सीमावर्ती इलाकों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए हैं। बुधवार को आए भूकंप की तीव्रता जर्मनी के भूविज्ञान अनुसंधान केंद्र ने 5.4 बताई है। कुछ अन्य जगह 5.7 बताई गई है।
सिन्हुआ न्यूज एजेंसी ने जीएफजेड जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज के हवाले से बताया कि अफगानिस्तान-ताजिकिस्तान बॉर्डर इलाके में 5.6 तीव्रता का भूकंप आया। बुधवार को स्थानीय समयानुसार 4 बजकर 42 मिनट पर तेज झटकों से लोग सहम गए।
भूकंप का केंद्र (एपिसेंटर) 36.93 डिग्री नॉर्थ अक्षांश और 71.61 डिग्री ईस्ट देशांतर पर स्थित था। जबकि हाइपोसेंटर जमीन की सतह से 90.2 किमी की गहराई पर दर्ज किया गया।
भूकंप के झटके पड़ोसी देश पाकिस्तान में भी महसूस किए गए। पाकिस्तान के सिसमोलॉजी विभाग के अनुसार झटके इस्लामाबाद, स्वात, पेशावर, चित्राल और पाकिस्तान के दूसरे शहरों में भी महसूस किए गए।
प्रभावित शहरों में रहने वालों ने तेज झटकों की सूचना दी, जिससे कई लोगों को घर और ऑफिस खाली करने पड़े और वे खुली जगहों पर सुरक्षित जगह पर चले गए। अभी तक किसी नुकसान या किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है।
20 फरवरी को भी अफगानिस्तान के कुछ हिस्सों में 5.8 तीव्रता का भूकंप आया, जिससे काबुल और कई अन्य प्रांत हिल गए थे। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (यूएसजीएस) के अनुसार, भूकंप का केंद्र पंजशीर प्रांत की राजधानी बजारक से लगभग 38 किलोमीटर उत्तर-पश्चिम में था, जो 90 किलोमीटर की गहराई में दर्ज किया गया था।
पिछले साल नवंबर में आए भूकंप ने अफगानिस्तान में भारी तबाही मचाई थी। कई लोगों की मौत हो गई थी जबकि भारी संख्या में लोग घायल हुए थे। अफगानिस्तान भूकंप प्रभावित क्षेत्र रहा है। 31 अगस्त 2025 को पाकिस्तान सीमा के पास पूर्वी अफगानिस्तान में आए 6.0 तीव्रता के भूकंप में 2 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी। इससे पहले 7 अक्टूबर 2023 को आए 6.3 तीव्रता के भूकंप और उसके बाद आए झटकों में 4 हजार से ज्यादा लोगों की जान चली गई थी, जिसकी पुष्टि तालिबान शासन ने खुद की थी।
–आईएएनएस
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