नई दिल्ली, 18 फरवरी (आईएएनएस)। विकिपीडिया के सह-संस्थापक जिमी वेल्स ने उभरते एआई-आधारित ज्ञान प्लेटफॉर्मों की तुलना विकिपीडिया से किए जाने को खारिज करते हुए कहा कि तथाकथित ‘ग्रोकिपीडिया’ जैसा विचार अव्यावहारिक है और विकिपीडिया के साथ उसकी कोई प्रतिस्पर्धा नहीं है।
‘इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026’ में एक सत्र के दौरान बोलते हुए वेल्स ने स्पष्ट कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के माध्यम से विकिपीडिया जैसा प्लेटफॉर्म बनाने की कोशिश यह समझने में गलती है कि विकिपीडिया कैसे काम करता है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि विकिपीडिया मानव सहयोग, पारदर्शिता और सत्यापित स्रोतों पर आधारित है, जिसे केवल स्वचालित सिस्टम से बदला नहीं जा सकता।
वेल्स ने एआई प्लेटफॉर्म द्वारा मूल स्रोतों को उचित श्रेय न देने पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि जानकारी का स्रोत बताना केवल तकनीकी मुद्दा नहीं, बल्कि डिजिटल युग में एक नैतिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा, “अब तक एआई सिस्टम यह ठीक से नहीं बता पा रहे हैं कि जानकारी कहां से ली गई है।” साथ ही, वेल्स ने माना कि लोगों के जानकारी प्राप्त करने और पढ़ने का तरीका तेजी से बदल रहा है।
उन्होंने बताया कि विकिपीडिया पर आने वाले मानव ट्रैफिक में 8 प्रतिशत की कमी आई है। उन्होंने इसे ‘एक आपदा’ बताया, लेकिन साथ ही कहा कि यह ऑनलाइन व्यवहार में बड़े बदलाव को दर्शाता है, जहां लोग अब सीधे वेबसाइट पर जाने के बजाय एआई टूल्स और तुरंत मिलने वाले सारांशों पर अधिक निर्भर हो रहे हैं।
इन चुनौतियों के बावजूद वेल्स ने कहा कि भारत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के दौर में विशेष रूप से अच्छी स्थिति में है। उन्होंने देश के मजबूत आईटी इकोसिस्टम और बड़ी संख्या में कुशल तकनीकी पेशेवरों को एआई युग में बड़ी ताकत बताया।
नौकरियों और ऑटोमेशन के मुद्दे पर वेल्स ने कहा कि एआई कुछ कौशलों को और अधिक मूल्यवान बना देगा, क्योंकि लोग कार्यों को तेजी और दक्षता से पूरा कर सकेंगे।
हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी कि दुनिया इस समय ‘बड़े बदलाव और अस्थिरता’ के दौर से गुजर रही है। कुछ पेशे कम हो सकते हैं, लेकिन यह अनुमान लगाना मुश्किल है कि किन-किन क्षेत्रों पर सबसे ज्यादा असर पड़ेगा।
जिमी वेल्स एक अमेरिकी इंटरनेट उद्यमी और पूर्व फाइनेंशियल ट्रेडर हैं। वे दुनिया के सबसे बड़े मुफ्त ऑनलाइन विश्वकोश विकिपीडिया के सह-संस्थापक के रूप में जाने जाते हैं। इसके अलावा, वे फैंडम नामक एक लाभकारी विकी होस्टिंग सर्विस के भी सह-संस्थापक हैं।
–आईएएनएस
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