संभल। संबल ग्राम (नगरी) में विष्णुयश नामक श्रेष्ठ ब्राह्मण के पुत्र के रूप में भगवान कल्कि का जन्म होगा। वह देवदत्त नामक घोड़े पर आरूढ़ होकर अपनी कराल करवाल (तलवार) से दुष्टों पापियों का संहार करेंगे तभी सतयुग का प्रारंभ होगा।118 फीट ऊंचे कल्कि धाम मंदिर में राजस्थान के गुलाबी पत्थर का इस्तेमाल होगा। सोमपुरा परिवार ने इसकी डिजाइन बनाई है। इन्हीं पत्थरों से अयोध्या में श्रीराम का मंदिर बना। इसमें 10 गर्भगृह होंगे। यह सभी अवतार से जुड़ा है।
