Emmanuel Macron On US: फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने अमेरिका को लेकर बड़ा बयान दिया है. पोलिटिको की रिपोर्ट के अनुसार मैक्रों ने कहा है कि यूरोप को हथियारों, ऊर्जा के लिए अमेरिका पर अपनी निर्भरता कम करनी चाहिए. चीन की तीन दिवसीय राजकीय यात्रा से वापस आते समय मैक्रों ने कहा कि यूरोप को ताइवान को लेकर चीन और अमेरिका के बीच टकराव में खुद को घसीटने से बचना चाहिए.
उन्होंने कहा कि यूरोप का ग्रेट रिस्क ये है कि ये उन संकटों में फंस जाता है जो हमारे नहीं हैं, जो इसे अपनी रणनीतिक स्वायत्तता बनाने से रोकते हैं. मैक्रों ने कहा कि हम मानते हैं कि हम सिर्फ अमेरिका के अनुयायी हैं. यूरोपीय लोगों को इस सवाल का जवाब देने की जरूरत है कि क्या ताइवान पर मुद्दे को तेज करना हमारे हित में है? नहीं. इससे भी बुरी बात ये सोचना होगा कि हम यूरोपीय लोगों को इस विषय पर अनुयायी बनना चाहिए और अमेरिका के एजेंडे और चीनी अतिप्रतिक्रिया से अपना संकेत लेना चाहिए.
इसी बीच चीन ने ताइवान के द्वीप के आसपास बड़े सैन्य अभ्यास शुरू कर दिए हैं. जिसे चीन अपने क्षेत्र के रूप में दावा करता है, लेकिन अमेरिका ने ताइवान को हथियार देने और बचाव का वादा किया है. चीन ने हाल के वर्षों में ताइवान को बार-बार आक्रमण करने की धमकी दी है. जब अन्य देशों ने ताइवान के मुद्दे पर दखल दिया तो चीन ने उन देशों का विरोध किया और उन्हें धमकी दी है.
ये भी पढ़ें-
